Toxic Movie Review: KGF के बाद यश का एक्शन अवतार, पर क्या ‘Toxic’ जीत पाई दर्शकों का दिल? जानिए सच!

लेखक: Ankit | 26 अगस्त 2026 | कैटेगरी: Bollywood
⭐ रेटिंग: 2/5 (दो स्टार)

मूवी रिव्यू: KGF फेम कन्नड़ सुपरस्टार Yash की मोस्ट अवेटेड फिल्म ‘Toxic’ बड़े पर्दे पर रिलीज़ हो चुकी है। डायरेक्ट्रेस गीतू मोहनदास के निर्देशन में बनी यह फिल्म ओरिजिनली कन्नड़ और इंग्लिश में शूट की गई है, जिसे बाकी भाषाओं में डब करके रिलीज़ किया गया है। लेकिन क्या 3 घंटे लंबी यह वायलेंट एक्शन थ्रिलर दर्शकों को बांधने में कामयाब होती है? आइए जानते हैं इस विस्तृत रिव्यू में।

1. क्या है फिल्म टॉक्सिक की कहानी?

फिल्म ‘टॉक्सिक’ राया (यश) नाम के एक गैंगस्टर की कहानी है, जिसका बचपन बहुत ट्रैजिक (दर्दनाक) रहा। यह कहानी गोवा की पृष्ठभूमि पर आधारित है और 5 दशकों के कालखंड को कवर करती है। राया को KGF के रॉकी की तरह ही पूरी दुनिया चाहिए, लेकिन वह स्वभाव से बहुत ‘टॉक्सिक’ (ज़हरीला) इंसान है।

फिल्म की मुख्य थीम बैड पैरेंटिंग (Bad Parenting) और जेनरेशनल ट्रॉमा (Generational Trauma) है। राया की तीन पीढ़ियां हिंसा और बदले के ऐसे चक्र में फंसी हुई हैं, जहाँ उन्हें मारकाट के अलावा कुछ नहीं आता। यहाँ तक कि राया का बेटा ‘टिकट’ भी इसी हिंसा का शिकार बनता है।

2. महिला किरदारों का दमदार रोल (Female Cast Performance)

फिल्म में भले ही यश लीड हीरो हैं और पूरे टाइम स्लो-मो शॉट्स से भरे हुए हैं, लेकिन कहानी का असली केंद्र महिला कैरेक्टर्स हैं:

  • नयनतारा (गंगा): राया की बहन ‘गंगा’ के रोल में नयनतारा ने बेहद ग्रेसफुल और वजनदार परफॉर्मेंस दी है। वही राया की गाइड है और पूरी कहानी को दिशा देती है।
  • कियारा आडवाणी (नाडिया): सर्कस आर्टिस्ट नाडिया के रोल में कियारा फिल्म की इमोशनल कोर (मुख्य भावना) हैं। उनके आने के बाद ही कहानी में असली बदलाव आता है।
  • हुमा कुरैशी (एलिज़ाबेथ): गैंगस्टर साल्वाडोर की मिस्ट्रेस के रूप में हुमा कुरैशी ने भी बेहतरीन काम किया है।

3. एक्शन और क्लाइमैक्स की विजुअल कला

फिल्म में एडिटर्स और मेकर्स ने एक्शन पर काफी मेहनत की है। शुरुआत में कब्रगाह वाला यश का इंट्रो एक्शन सीन और सर्कस वाला हैंड-टू-हैंड कॉम्बैट देखने में काफी अट्रैक्टिव लगता है। इसके अलावा, फिल्म के आखिरी 30 मिनट में एडिटर उज्जवल कुलकर्णी का काम बेहतरीन है, जहाँ विजुअल्स और फ्लैशबैक्स के ज़रिए राया के दिमाग की दिमागी हालत को स्क्रीन पर उतारा गया है।

4. क्यों निराश करती है टॉक्सिक? (कमज़ोर पक्ष)

फिल्म को 2 स्टार की रेटिंग मिलने के मुख्य कारण निम्नलिखित हैं:

  • 3 घंटे की अत्यधिक लंबाई: फिल्म बहुत लंबी है और मालूम ही नहीं पड़ता कि कहानी असल में किस दिशा में जा रही है। अंतिम आधे घंटे में जाकर पूरी बात साफ़ होती है, जिससे बीच में दर्शक बोर होने लगते हैं।
  • अजीब और तुकबंदी वाले डायलॉग्स: फिल्म के संवाद बहुत कमजोर हैं। किरदारों के बीच स्वाभाविक बातचीत के बजाय हर सीन में शेर-ओ-शायरी और तुकबंदी (Rhyming) थोपी गई है। “हमारे शौर्य, धैर्य और वीर्य के लिए” जैसे डायलॉग्स बहुत वीयर्ड महसूस होते हैं।
  • जरूरत से ज्यादा हिंसा: हर दूसरे सीन में गोलीबारी और वायलेंस का इस्तेमाल किया गया है, जो कई बार कहानी के फ्लो को खराब करता है।

5. FAQ (अक्सर पूछे जाने वाले सवाल)

Q1: टॉक्सिक फिल्म को WrestleKeeda ने कितने स्टार दिए हैं?

अत्यधिक लंबाई, कमजोर स्क्रीनप्ले और अजीब डायलॉग्स के कारण ‘टॉक्सिक’ को 5 में से 2 स्टार (2/5 Stars) की रेटिंग दी गई है।

Q2: क्या टॉक्सिक में यश के साथ नयनतारा और कियारा आडवाणी हैं?

जी हाँ, नयनतारा ने राया (यश) की बहन ‘गंगा’ का और कियारा आडवाणी ने उनकी प्रेमिका ‘नाडिया’ का किरदार निभाया है।

🔥 WrestleKeeda Verdict

गीतू मोहनदास और यश की ‘टॉक्सिक’ एक बहुत ही एंबिशियस फिल्म है, जिसमें यश का ऑरा और एक्शन तो सॉलिड है, लेकिन कमजोर संवाद, ओवर-ड्रामैटिक डबिंग और 3 घंटे की उबाऊ लंबाई फिल्म का पूरा मज़ा खराब कर देती है। यदि आप सिर्फ यश के फैन हैं तो इसे देख सकते हैं, वरना यह फिल्म आम दर्शकों को काफी निराश करती है।

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